‘सास-बहू और बेटे के अंतिम दर्शन भी नहीं कर सके’
Share
डूंगरपुर, 12 अक्टूबर (विजन 360 न्यूज): उदयपुर-अहमदाबाद राष्ट्रीय राजमार्ग पर हुए भीषण हादसे में एक ही परिवार के चार सदस्य—सास, बहू और बेटे सहित कार चालक—की मौत हो गई। डूंगरपुर के खेमारू गांव में रविवार देर शाम उनका अंतिम संस्कार किया गया। हादसे में बसंती देवी (54), उनका बड़ा बेटा अनिल कटारा (30), बहू जीजा देवी (24) और कार चालक ईश्वर (45) की जान चली गई। अनिल कटारा की पत्नी ने 10 दिन पहले ही बेटी को जन्म दिया था, परिवार ने उसे गहरा सदमा लगने से बचाने के लिए अभी तक मौत की खबर नहीं दी।
बसंती देवी सलूंबर जिले के भोराई घाटा स्थित सरकारी स्कूल में संविदा टीचर थीं, जबकि बेटा अनिल इलेक्ट्रिशियन था। छोटा बेटा जितेन्द्र मजदूरी करता है और पति खेती करते हैं। परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी बसंती और बड़े बेटे के कंधों पर थी।
जानकारी के अनुसार शनिवार रात 8 बजे ऋषभदेव कस्बे के मयूर मिल के पास कार में सवार सभी लोग घर लौट रहे थे। रास्ते में सामने अचानक भैंस आ गई। कार बेकाबू होकर डिवाइडर से टकराई और पलटी। इसके बाद डिवाइडर पर खड़े चार लोगों को तेज रफ्तार ट्रेलर ने रौंद दिया। पीछे से आ रहे ट्रक, टैंकर, जीप और कार भी क्रमशः टकराए।
हादसे में सड़कों पर मांस के लोथड़े बिखर गए और लाशें इतनी बिगड़ी थीं कि पहचान मुश्किल हो गई। महिला का शव ट्रेलर के टायरों के बीच फंस गया। हादसे का दृश्य देखकर राहगीरों के रोंगटे खड़े हो गए। परिवार ने बताया, हंसता-खेलता परिवार पल भर में उजड़ गया और अब सिर्फ उनकी यादें ही रह गई हैं।
