डॉ. अनिल मेहता बोले—जल सुरक्षा के लिए बांध-पाइपलाइन ही नहीं, पहाड़ी, जलग्रहण, नदी, झील से लेकर भूजल पुनर्भरण तक पूरे जल-चक्र को बचाना होगाउदयपुर, 3 सितंबर: मध्यम आकार के शहर आज जल संकट के ऐसे दौर से गुजर रहे हैं, जहां एक तरफ लंबे समय तक सूखा और दूसरी ओर थोड़े समय में अत्यधिक बारिश […]