नेपाल हिंसा: अबतक 30 मौतें, 1000 से अधिक घायल, 13,500 कैदी फरार
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काठमांडू, 10 सितम्बर: नेपाल में सोशल मीडिया प्रतिबंध और भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी हिंसक प्रदर्शन में अबतक 30 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 1,033 लोग घायल हुए हैं। तीन दिनों से जारी अशांति के दौरान सेना ने कल रात 10 बजे देश का नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया, जिससे हिंसा में कुछ कमी आई है। नेपाली सेना ने कर्फ्यू गुरुवार सुबह तक बढ़ा दिया है।
हिंसा का फायदा उठाकर देशभर की जेलों से 13,500 से अधिक कैदी फरार हो गए। इनमें पुलिस से झड़प में पांच नाबालिग कैदी मारे गए। धाडिंग जेल में कैदियों की भागने की कोशिश के दौरान सेना की गोलीबारी में एक कैदी की मौत और सात घायल हुए।
प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद केपी शर्मा ओली ने हिंसा पर दुख जताया और बड़ी साजिश की आशंका जताई। नए अंतरिम प्रधानमंत्री के रूप में देश की पहली महिला मुख्य न्यायाधीश सुशीला कार्की का नाम सबसे आगे है, जिन्हें Gen-Z का समर्थन प्राप्त है।
त्रिभुवन इंटरनेशनल एयरपोर्ट को अनिश्चितकालीन समय के लिए बंद कर दिया गया है, जिससे विदेशी यात्री फंसे हुए हैं। एअर इंडिया ने नेपाल में फंसे भारतीय नागरिकों को लाने के लिए विशेष फ्लाइट भी शुरू कर दी है।
सुप्रीम कोर्ट भवन में आग लगने के कारण सभी कानूनी सुनवाइयाँ स्थगित कर दी गई हैं। देश में नेतृत्व विवाद और अंतरिम सरकार के गठन को लेकर जेन-जी युवाओं के बीच बहस जारी है। नागरिकों की सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए सेना और प्रशासन सक्रिय है।
