हिंदुस्तान जिंक और वी-स्पार्क का बड़ा कदम, एआई से 2,000 करोड़ वैल्यू बढ़ाने का लक्ष्य
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उदयपुर, 15 मई: वेदांता समूह की कंपनी हिंदुस्तान जिंक और वी-स्पार्क डीपटेक वेंचर्स ने ‘जिनोवेशन 2026’ कार्यक्रम के जरिए माइनिंग, स्मेल्टिंग और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग को बढ़ावा देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। कार्यक्रम का उद्देश्य एआई तकनीक के जरिए 2,000 करोड़ रुपए की अतिरिक्त वैल्यू तैयार करना है।
कार्यक्रम में माइक्रोसॉफ्ट, गूगल, सीमेंस, एबीबी, सैंडविक और एक्ससीएमजी जैसी वैश्विक कंपनियों के साथ चर्चा हुई। वहीं कई उभरते स्टार्टअप्स के साथ एमओयू भी किए गए। ये स्टार्टअप्स रोबोटिक्स, डेटा एनालिटिक्स और एसेट मैनेजमेंट जैसे क्षेत्रों में तकनीकी समाधान विकसित करेंगे।
उत्पादन, सुरक्षा और ऊर्जा बचत पर फोकस
हिंदुस्तान जिंक ने बताया कि एआई आधारित तकनीकों से उत्पादन क्षमता बढ़ाने, लागत कम करने, ऊर्जा दक्षता सुधारने और सुरक्षा मजबूत करने पर काम किया जाएगा। इसके जरिए तेजी से निर्णय लेने और औद्योगिक कार्यप्रणाली को अधिक स्मार्ट बनाने का लक्ष्य रखा गया है। कार्यक्रम में एक्ससीएमजी, सैंडविक, एसटीएल डिजिटल और एवेवा सहित कई कंपनियों से समझौते किए गए। वहीं उभरते स्टार्टअप्स के साथ पायलट प्रोजेक्ट और तकनीकी मूल्यांकन की दिशा में भी पहल की गई।
