30 गांवों में चिकित्सा शिविर के लिए 100 सदस्यीय चिकित्सा दल रवाना
Share
नर सेवा-नारायण सेवा के भाव से वनांचल में पहुंचेगी चिकित्सा सुविधा
उदयपुर, 19 सितम्बर: राजस्थान वनवासी कल्याण परिषद की ओर से जयपुर प्रांत के कार्यकर्ताओं के सहयोग से 19 एवं 20 सितम्बर को दो दिवसीय विशेष चिकित्सा सेवा अभियान आयोजित किया जा रहा है। अभियान के तहत उदयपुर, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ एवं सलूम्बर जिलों के सुदूर वनांचल क्षेत्रों के 30 गांवों में चिकित्सा शिविर लगाए जाएंगे। इसके लिए करीब 100 डॉक्टर एवं नर्सिंग स्टाफ का चिकित्सा दल शनिवार सुबह उदयपुर पहुंचा।
परिषद के उदयपुर कार्यालय में चिकित्सा दल के स्वागत एवं अभिनंदन कार्यक्रम का आयोजन हुआ। प्रदेश संगठन मंत्री जगदीश कुलमी, जयपुर से हरेश्वर छिपा, सत्यनारायण छिपा, डॉ. पी.सी. रांका, प्रांत नगरीय कार्य प्रमुख सुरेश गर्ग एवं प्रांत चिकित्सा प्रमुख डॉ. राजेश मलिक मंचस्थ अतिथि रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन से हुआ।
डॉ. राजेश मलिक ने परिषद के चिकित्सा प्रकल्पों की जानकारी देते हुए बताया कि वनवासी एवं जनजाति क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए परिषद निरंतर कार्य कर रही है। शिविरों में स्वास्थ्य जांच, चिकित्सकीय परामर्श एवं आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जाएगा।
जगदीश कुलमी ने कहा कि ‘‘नर सेवा ही नारायण सेवा है।’’ इसी सेवा भाव के साथ कल्याण आश्रम पिछले 73 वर्षों से वनवासी क्षेत्रों में कार्य कर रहा है। कार्यक्रम के अंत में चिकित्सा टोलियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। प्रत्येक टोली पहले दिन एक गांव में शिविर लगाने के बाद वहीं रात्रि विश्राम करेगी और अगले दिन दूसरे गांव में शिविर लगाएगी। विशेषज्ञ उपचार की आवश्यकता वाले मरीजों को आगे के उपचार के लिए उदयपुर लाने की व्यवस्था भी की जाएगी।

