फैसले में कोर्ट ने लिखा तब तक गर्दन से लटकाएं ताकि उसकी मौत हो जाए
उदयपुर: पत्नी की हत्या करने वाले पति को उदयपुर जिले के मावली स्थित अपर जिला एवं सेशन न्यायालय ने फांसी की सजा सुनाई है। कोर्ट ने आरोपी किशनलाल उर्फ किशनदास को 50 हजार रुपये का जुर्माना और एक साल के कठोर कारावास की सजा भी दी है। यह फैसला शनिवार को सुनाया गया, जिसमें कोर्ट ने कहा कि आरोपी का कृत्य सिर्फ लक्ष्मी के साथ ही नहीं, बल्कि पूरी मानवता के खिलाफ था।
कोर्ट ने उसे “गर्दन से लटकाने” का आदेश दिया, जब तक उसकी मृत्यु न हो जाए, क्योंकि ऐसा अपराध सभ्य समाज में कभी नहीं हो सकता।
यह घटना 24 जून 2017 की रात की है, जब किशनलाल ने अपनी पत्नी लक्ष्मी को काली और मोटी कहकर ताना मारा था। मानसिक प्रताड़ना के बाद उसने लक्ष्मी से कहा कि वह एक दवाई लाया है, जो उसे गोरा बना देगी। इस पर लक्ष्मी ने दवाई अपने शरीर पर लगाई, लेकिन वह तेज़ गंध से परेशान हो गई, जिसे एसिड जैसी महसूस किया। फिर किशनलाल ने अगरबत्ती जलाकर उसकी शरीर में आग लगा दी और बची हुई केमिकल दवा भी उस पर डाल दी, जिससे आग और फैल गई। आग लगने के बाद आरोपी डर के मारे मौके से भाग गया।
लक्ष्मी के परिजनों ने आग बुझाने की कोशिश की, और उसने मरने से पहले मजिस्ट्रेट के सामने अपने बयान में पूरी घटना का विवरण दिया। आरोपी की इस क्रूरता ने उसे मानवता के खिलाफ एक गंभीर अपराधी बना दिया। न्यायालय के सख्त फैसले ने यह साबित कर दिया कि ऐसे घिनौने कृत्य समाज में किसी भी सूरत में स्वीकार्य नहीं हैं।