चित्तौड़गढ़, 25 जुलाई: आस्था और समर्पण का अनूठा उदाहरण सामने आया है। डूंगरपुर जिले के आसपुर निवासी किसान अमरजी पाटीदार ने करीब ₹1.50 करोड़ मूल्य की 10.15 बीघा जमीन भगवान श्री सांवलिया सेठ के नाम दान कर दी है। इतना ही नहीं, उन्होंने अपने करीब ₹1.50 करोड़ के बहुमंजिला मकान को भी भगवान के नाम करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
अमरजी पाटीदार शनिवार को सांवलियाजी मंदिर पहुंचे और बताया कि 23 जुलाई को उन्होंने जमीन की रजिस्ट्री भगवान श्री सांवलिया सेठ के नाम कराई। उन्होंने कहा कि इस दान की प्रक्रिया पूरी करने में उन्हें करीब 10 साल तक सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़े, क्योंकि जमीन अलग-अलग रिश्तेदारों के नाम दर्ज थी। सभी हिस्सों को एकत्र कर उन्होंने 10.15 बीघा जमीन मंदिर के नाम कर दी। इस जमीन पर लगे आम के पेड़ भी दान में शामिल हैं। उनकी इच्छा है कि इस भूमि पर गौशाला या सामाजिक उपयोग का कोई कार्य किया जाए।
मंदिर मंडल के प्रशासनिक अधिकारी प्रथम शिवशंकर पारीक ने बताया कि सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद लगभग 1.165 हेक्टेयर (10.15 बीघा) भूमि भगवान श्री सांवलिया सेठ के नाम दर्ज कर दी गई है।
अमरजी ने अपने बहुमंजिला मकान को भी भगवान के नाम समर्पित करने के लिए दान-पत्र पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। प्रक्रिया पूरी होने के बाद यह संपत्ति भी मंदिर के नाम हो जाएगी।
उन्होंने बताया कि पिता के निधन के बाद उन्होंने विवाह नहीं किया और माता-पिता की सेवा में जीवन समर्पित किया। उनकी बचपन से भगवान श्रीकृष्ण और श्रीराम में गहरी आस्था रही है। इससे पहले वे अपने पिता के सोने के आभूषण भी सांवलिया सेठ को अर्पित कर चुके हैं। अब वे अपनी दिवंगत मां के करीब एक किलो चांदी के आभूषण भी भगवान को चढ़ाने की इच्छा रखते हैं।