नगर निगम ने शुरू की हेरिटेज वॉक, ‘जल विरासत मार्ग’ से पर्यटक जानेंगे झीलों और ऐतिहासिक जल संरचनाओं की कहानी; NFC की-चेन भी लॉन्च
उदयपुर, 9 अगस्त : उदयपुर की ऐतिहासिक विरासत को आधुनिक तकनीक से पर्यटकों तक पहुंचाने के लिए नगर निगम ने हेरिटेज वॉक और मार्गदर्शित यात्रा सेवा शुरू की है। पहले चरण में ‘जल विरासत मार्ग’ शुरू किया गया है, जिसके माध्यम से देश-विदेश से आने वाले पर्यटक उदयपुर की ऐतिहासिक जल संरचनाओं, झीलों और मेवाड़ की जल संस्कृति को करीब से समझ सकेंगे। निगम के अनुसार, डिजिटल तकनीक आधारित हेरिटेज वॉक शुरू करने वाला उदयपुर राजस्थान का पहला नगर निगम है।
GPS से लोकेशन पहचानकर चलेगा ऑडियो
हेरिटेज वॉक की खासियत GPS आधारित ऑडियो गाइड है। पर्यटक जैसे ही किसी निर्धारित ऐतिहासिक स्थल के दायरे में पहुंचेंगे, सिस्टम उनकी लोकेशन पहचानकर संबंधित ऑडियो अपने आप शुरू कर देगा। इससे पर्यटकों को संबंधित स्मारक और उसकी ऐतिहासिक पृष्ठभूमि की जानकारी मौके पर ही मिलेगी। ऑडियो गाइड की पटकथा विरासत विशेषज्ञ रिद्धि जोशी ने तैयार की है, जिसमें स्मारकों के साथ मेवाड़ की सामाजिक-सांस्कृतिक परंपराओं को भी शामिल किया गया है।
NFC की-चेन से भी मिलेगी जानकारी
राजस्थान में पहली बार NFC चिप युक्त विशेष की-चेन भी लॉन्च की गई है। NFC सपोर्ट वाले स्मार्टफोन से की-चेन को टच करते ही संबंधित स्थल की ऑडियो गाइड शुरू हो जाएगी। फिलहाल यह सुविधा हिंदी और अंग्रेजी में उपलब्ध है। भविष्य में फ्रेंच, जर्मन, कोरियन और स्पेनिश भाषाओं को भी जोड़ा जाएगा।
जनप्रतिनिधियों ने किया शुभारंभ
सांसद डॉ. मन्नालाल रावत, विधायक ताराचंद जैन, ग्रामीण विधायक फूलसिंह मीणा और संभागीय आयुक्त प्रज्ञा केवलरमानी सहित जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों ने सेवा का शुभारंभ किया। निगम आयुक्त अभिषेक खन्ना ने बताया कि हेरिटेज वॉक के संचालन के लिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के साथ काम कर चुकी अनुभवी संस्था ‘गूंज इंडिया’ का चयन किया गया है। विधायक ताराचंद जैन ने विरासत संरक्षण को सामूहिक जिम्मेदारी बताया। पूर्व सभापति रविंद्र श्रीमाली ने दिवंगत महाराणा अरविंद सिंह के योगदान को भी याद किया।