जांच की मांग
डूंगरपुर, 17 जुलाई: डूंगरपुर जिले की झरियाना ग्राम पंचायत के अम्बेपुरा गांव के ग्रामीणों ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया और चारागाह भूमि के कथित अवैध आवंटन को निरस्त करने की मांग उठाई। प्रदर्शनकारियों ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
ग्रामीणों का आरोप है कि खसरा संख्या 3269 की करीब 123 बीघा चारागाह भूमि का गिरदावर और पटवारी की कथित मिलीभगत से कुछ लोगों के नाम अवैध रूप से आवंटन कर दिया गया। उनका कहना है कि यह भूमि वर्षों से गांव के पशुओं के चरने के लिए उपयोग में थी और पहले किसी व्यक्ति के नाम दर्ज नहीं थी।
ग्रामीणों के अनुसार 1 जुलाई 2026 को राजस्व अधिकारियों की बैठक के बाद आवंटन प्रक्रिया शुरू की गई। उनका आरोप है कि आवंटन के बाद जेसीबी मशीनों से बड़ी संख्या में हरे-भरे पेड़ काट दिए गए, जिससे पर्यावरण और चारागाह क्षेत्र को नुकसान पहुंचा।
प्रदर्शनकारियों ने यह भी आरोप लगाया कि विरोध करने पर उन्हें डराया-धमकाया गया। उन्होंने जिला प्रशासन से कथित अवैध आवंटन को तत्काल निरस्त करने, पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और चारागाह भूमि को पूर्व स्थिति में सुरक्षित रखने की मांग की।