पिता के हत्यारों को सजा का इंतजार, चार साल बाद यश को जगी न्याय की उम्मीद

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कन्हैयालाल के बेटे बोले—वीडियो और सबूत होने के बावजूद देरी क्यों; एनआईए स्पेशल कोर्ट में अब हर चार दिन में सुनवाई
उदयपुर, 22 अक्टूबर:
पिता की हत्या के चार साल से ज्यादा समय बाद भी न्याय की प्रतीक्षा कर रहे यश साहू को अब एनआईए की स्पेशल कोर्ट से उम्मीद बंधी है। 8 अक्टूबर 2026 से शुरू हुई सुनवाई के बाद उन्हें भरोसा है कि मुकदमे की रफ्तार बढ़ेगी और दोषियों को सजा मिल सकेगी। यश का सवाल है कि जब हत्या की घटना का वीडियो सामने था और सबूत मौजूद थे, तो न्याय मिलने में इतनी देरी क्यों हो रही है?
यश के अनुसार परिवार लंबे समय से मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक या स्पेशल कोर्ट में कराने की मांग कर रहा था। जून 2022 से 7 अक्टूबर 2026 तक सुनवाई एनआईए की ओर से सीबीआई कोर्ट में हो रही थी, जहां औसतन 20 दिन में एक बार सुनवाई होती थी। अब हर चार दिन में सुनवाई होने से परिवार को आगामी डेढ़ साल में न्याय मिलने की उम्मीद है। मामले में कुल 166 गवाह हैं, जिनमें से अब तक 30 की गवाही हो पाई थी। 16 अक्टूबर को यश की भी पेशी हुई थी।
देरी से परिवार मानसिक पीड़ा में
यश ने कहा कि पिता की हत्या के बाद से परिवार लगातार मानसिक पीड़ा से गुजर रहा है। 28 जून 2022 को मालदास स्ट्रीट में कन्हैयालाल टेलर की हत्या कर उसका वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित किया गया था। इसके बावजूद मुकदमे में लंबा समय लगना उनके लिए पीड़ादायक है। यश ने उदयपुर में आरव और देवराज हत्याकांड का उल्लेख करते हुए कहा कि गंभीर अपराधों में समय पर सजा मिलना जरूरी है, ताकि कानून का भय बना रहे।
न्याय की प्रतीक्षा में नहीं पहने जूते, न कटवाए बाल
यश साहू पिता को न्याय मिलने की आस में आज भी चप्पल-जूते नहीं पहनते और बाल नहीं कटवाते। यह उनके संकल्प और लंबी प्रतीक्षा को दर्शाता है। कन्हैयालाल हत्याकांड में मोहम्मद रियाज अत्तारी और गौस मोहम्मद सहित कुल 11 लोगों को आरोपी बनाया गया है। अब स्पेशल कोर्ट में नियमित सुनवाई के बीच परिवार की निगाहें मुकदमे की अगली कार्यवाही और अंतिम फैसले पर टिकी हैं।