गर्मी की छुट्टियों ने टाला बड़ा हादसा, ग्रामीणों में आक्रोश
चित्तौड़गढ़, 23 मई: जिले के भूपालसागर उपखंड के जाशमा राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में गत रात बड़ा हादसा होते-होते टल गया। स्कूल के बरामदे की करीब 15 पट्टियां तेज धमाके के साथ भरभराकर गिर गईं। गनीमत रही कि इन दिनों गर्मी की छुट्टियां चल रही हैं और स्कूल बंद था, वरना बड़ा हादसा हो सकता था। घटना के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश है और उन्होंने जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं।
महीनों से बढ़ रही थीं दरारें
ग्रामीणों के अनुसार करीब 45 साल पुराने बरामदे की छत में लंबे समय से दरारें पड़ रही थीं। गुरुवार को पट्टियों में बड़े क्रैक दिखाई देने पर स्कूल प्रशासन ने रस्सी और जाली लगाकर बैरिकेडिंग करवाई थी, लेकिन उसी रात छत का बड़ा हिस्सा गिर गया। शुक्रवार को प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे, लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि केवल औपचारिक निरीक्षण कर मामले को आगे बढ़ा दिया गया।
“जर्जर नहीं, मरम्मत योग्य” बताया भवन
जिला शिक्षा अधिकारी राजेंद्र शर्मा ने कहा कि स्कूल को पहले से मरम्मत योग्य भवन की श्रेणी में रखा गया था और डीएमएफटी फंड से 5 लाख रुपए की स्वीकृति भी हो चुकी है। उनका दावा है कि 20 जून तक छत की मरम्मत पूरी करवा दी जाएगी। वहीं एसडीएम महेश गंगोरिया ने इसे “पॉलिसी लेवल” का मामला बताते हुए कहा कि प्रशासन केवल प्रस्ताव भेज सकता है।
ग्रामीणों ने दी आंदोलन की चेतावनी
ग्रामीणों का कहना है कि वे महीनों से अधिकारियों को हादसे की आशंका से अवगत करा रहे थे, लेकिन समय रहते कोई कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि स्कूल खुलने से पहले भवन सुरक्षित नहीं हुआ तो बच्चों को स्कूल नहीं भेजा जाएगा और आंदोलन किया जाएगा।