एक माह में दूसरा बड़ा मामला, जेल सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
उदयपुर, 30 मई: अपराधियों को सुधारने के लिए बनी जेल में ही अब जेलकर्मी और बंदी पुलिसकर्मी सुरक्षित नजर नहीं आ रहे हैं। केंद्रीय कारागार में एक माह के भीतर अधिकारियों के साथ मारपीट की दूसरी घटना सामने आने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। ताजा मामले में एक कैदी ने कारापाल के साथ मारपीट कर दी, जबकि कुछ दिन पहले बंदी पुलिसकर्मी पर भी हमला किया गया था।
ट्रांसफर की मांग को लेकर कारापाल पर हमला
कारापाल सत्येंद्र कुमार ने सूरजपोल थाने में दर्ज रिपोर्ट में बताया कि 28 मई की सुबह कैदी शशि भारती उनके कार्यालय पहुंचा और अपने जेल ट्रांसफर की मांग करने लगा। कारापाल द्वारा प्रक्रिया अनुसार पत्र मुख्यालय भेजने की बात कहने पर वह भड़क गया और कथित रूप से कॉलर पकड़कर मारपीट करने लगा। शोर सुनकर पहुंचे स्टाफ ने बीच-बचाव कर आरोपी कैदी को काबू किया।
बंदी पुलिसकर्मी से भी मारपीट
जेल में बंद एक पुलिसकर्मी पर भी तीन कैदियों ने हमला कर दिया। बताया जा रहा है कि उक्त पुलिसकर्मी ने नौकरी के दौरान इन युवकों को एक मामले में गिरफ्तार कराया था। बाद में रिश्वत प्रकरण में जेल पहुंचे पुलिसकर्मी से बदला लेने के लिए कैदियों ने मारपीट की। घटना के बाद जेल प्रशासन ने उसका बैरक बदल दिया। गौरतलब है कि 23 अप्रैल को भी कैदियों ने तलाशी के दौरान जेल अधिकारियों और प्रहरियों पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया था।