धर्मसभा में बोले—दुनिया तलवार-मिसाइल से नहीं, ‘स्माइल’ से जीती जाएगी
सलूंबर, 22 मार्च: भारत गौरव राष्ट्र संत आचार्य पुलक सागर महाराज ससंघ का सागवाड़ा से पद विहार करते हुए रविवार को सलूंबर में मंगल पदार्पण हुआ। दूदर मालवी कॉम्प्लेक्स से उनकी भव्य अगवानी की गई। नगर में विराजित मुनि आज्ञा सागर ने चरण वंदना की। दोनों संतों के मिलन पर भगवान महावीर के जयघोष से वातावरण धर्ममय हो गया। इसके बाद आचार्य ने नगर के प्रमुख मंदिरों की वंदना करते हुए चुंगीनाका जैन बोर्डिंग में धर्मसभा को संबोधित किया।
कार्यक्रम की शुरुआत चित्र अनावरण, दीप प्रज्वलन और मंगलाचरण से हुई, जबकि संचालन पंडित कमलेश सिंघवी ने किया। धर्मसभा में आचार्य ने कहा कि वर्तमान समय में कई देश युद्ध की ओर बढ़ रहे हैं, जिससे विश्व अशांति की स्थिति में है।
उन्होंने कहा कि भारत हमेशा भगवान महावीर और भगवान बुद्ध के ‘जीयो और जीने दो’ के संदेश पर चलता है। आचार्य ने सलूंबर से विश्व को संदेश देते हुए कहा कि आज का युग युद्ध नहीं, बल्कि प्रेम, शांति और मुस्कान से दुनिया जीतने का है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रावक-श्राविकाएं मौजूद रहे।