पड़ोसी युवक निकला हत्यारा, सोने का मादलिया लूटने के बाद पहचान छिपाने के लिए काटा गला
उदयपुर, 7 जुलाई: उदयपुर जिले के कानोड़ थाना क्षेत्र में 75 वर्षीय महिला की गला रेतकर हत्या और सोने का मादलिया लूटने की सनसनीखेज वारदात का पुलिस ने महज 48 घंटे में खुलासा कर दिया है। पुलिस ने मामले में मृतका के पड़ोस में रहने वाले 25 वर्षीय युवक ईश्वर उर्फ ईशु को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने लूट के बाद पहचान उजागर होने के डर से महिला की चाकू से गला काटकर हत्या कर दी थी।
जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दुहन ने बताया कि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अंजना सुखवाल और वल्लभनगर वृत्ताधिकारी श्रवणदास संत के सुपरविजन में कानोड़ थानाधिकारी हुकुम सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, मुखबिर सूचना और ह्यूमन इंटेलिजेंस के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया।
अकेली रहती थी बुजुर्ग महिला
5 जुलाई को कानोड़ के कुम्हारों का मोहल्ला निवासी 75 वर्षीय घीसीबाई अपने घर पर गंभीर रूप से घायल मिली थीं। उनके गले पर धारदार हथियार के निशान थे और गले में पहना सोने का मादलिया गायब था। उपचार के दौरान एमबी चिकित्सालय में उनकी मृत्यु हो गई। मृतका की पुत्री मांगीबाई की रिपोर्ट पर हत्या और लूट का मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
पहचान छिपाने के लिए कर दी हत्या
पुलिस पूछताछ में आरोपी ईश्वर ने बताया कि वह मृतका का पड़ोसी होने के कारण अक्सर उसके घर आता-जाता था। घटना के दिन वह पहले महिला से मिलने गया और कुछ देर बाद दोबारा घर पहुंचकर उनके गले से सोने का मादलिया छीन लिया। उसे आशंका हुई कि महिला उसे पहचान चुकी है और पुलिस में शिकायत कर देगी। इसी डर से उसने चाकू से महिला का गला काट दिया। वारदात के बाद शक से बचने के लिए वह घायल महिला के इलाज के दौरान भी अस्पताल के आसपास घूमता रहा। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या में प्रयुक्त हथियार और लूटे गए आभूषण की बरामदगी के प्रयास शुरू कर दिए हैं।
16 साल से फरार दो स्थायी वारंटी गिरफ्तार
उदयपुर, 7 जुलाई: सायरा थाना पुलिस ने 16 वर्षों से फरार चल रहे दो स्थायी वारंटियों को गिरफ्तार किया है। जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दुहन के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत थानाधिकारी कानाराम सिरोही के नेतृत्व में पुलिस टीम ने वर्ष 2010 के एक प्रकरण में वांछित हरा पुत्र तेजाराम और चेना पुत्र वगताराम, निवासी माजावड़ा, थाना सायरा को गिरफ्तार किया। लंबे समय से फरार रहने के कारण दोनों के खिलाफ न्यायालय से स्थायी गिरफ्तारी वारंट जारी थे। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।