महाराणा प्रताप के गौरव को विश्व पटल पर करें स्थापित : निम्बाराम
Share
श्रद्धा को संकल्प में बदलकर इतिहास की विसंगतियां सुधारने का संदेश
17 जून को उदयपुर में होगा विराट राष्ट्र चेतना सम्मेलन
उदयपुर, 23 अप्रैल: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के राजस्थान क्षेत्र प्रचारक निम्बाराम ने कहा है कि महाराणा प्रताप के प्रति समाज की श्रद्धा और आस्था को अब ठोस संकल्प में बदलने की आवश्यकता है, ताकि इतिहास में हुई त्रुटियों को सुधारा जा सके और मेवाड़ के अदम्य शौर्य को विश्व पटल पर गौरव के साथ स्थापित किया जा सके। वे बुधवार शाम प्रताप गौरव केन्द्र ‘राष्ट्रीय तीर्थ’ में आयोजित तैयारी बैठक को संबोधित कर रहे थे।
वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप समिति एवं सर्व समाज के सहयोग से 17 जून को महाराणा प्रताप जयंती और हल्दीघाटी विजय सार्द्ध चतुःशती समारोह के तहत उदयपुर के महाराणा भूपाल स्टेडियम स्थित गांधी ग्राउंड में विशाल राष्ट्र चेतना संकल्प सभा आयोजित होगी। निम्बाराम ने कहा कि यह केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि महाराणा प्रताप के आदर्शों के प्रति समाज की प्रतिबद्धता का प्रतीक होगा। उन्होंने कहा कि विशेष विचारधारा के इतिहासकारों ने महाराणा प्रताप के विराट व्यक्तित्व को सीमित करने का प्रयास किया, जिसे अब तथ्यपरक रूप से सुधारना समाज का दायित्व है।
बैठक में प्रताप गौरव केन्द्र के निदेशक अनुराग सक्सेना ने बताया कि इस विराट सभा को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत संबोधित करेंगे। साथ ही 24 मई को दिल्ली में होने वाले जनजाति सांस्कृतिक समागम की जानकारी भी दी गई। बैठक में मेवाड़ राजपरिवार के विश्वराजसिंह मेवाड़ सहित विभिन्न सामाजिक, शैक्षणिक और जनप्रतिनिधि संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में निर्णय लिया गया कि आयोजन से पूर्व मेवाड़-वागड़ के गांव-ढाणी तक हल्दीघाटी विजय की गौरव गाथा पहुंचाई जाएगी। इसके लिए लघु नाटिकाओं, जनसंपर्क अभियानों और समितियों के गठन के माध्यम से व्यापक जनजागरण किया जाएगा। उद्देश्य यह है कि नई पीढ़ी महाराणा प्रताप के राष्ट्रधर्म, स्वाभिमान और बलिदान के आदर्शों से प्रेरणा ले सके।
17 जून को होगा विराट आयोजन
महाराणा प्रताप जयंती पर 17 जून को उदयपुर में विशाल राष्ट्र चेतना संकल्प सभा आयोजित होगी। इसमें देशभर से समाजजन जुटेंगे। आयोजन का उद्देश्य महाराणा प्रताप की गौरव गाथा को जन-जन तक पहुंचाना और इतिहास के गौरव को नई पीढ़ी से जोड़ना है।
