अधूरी बॉडी वाले टैंकरों का हो गया रजिस्ट्रेशन, अब FIR

Share

चित्तौड़गढ़ RTO कार्यालय की कार्यप्रणाली पर सवाल, छह वाहनों की RC निरस्त, तत्कालीन निरीक्षक पहले ही निलंबित
चित्तौड़गढ़, 15 जून:
चित्तौड़गढ़ क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) में अधूरी बनावट वाले टैंकर वाहनों का रजिस्ट्रेशन किए जाने का मामला सामने आने के बाद परिवहन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। जांच में गाड़ियों की वास्तविक स्थिति और दस्तावेजों में दर्ज विवरण में अंतर पाए जाने पर छह टैंकरों के पंजीयन प्रमाण पत्र (RC) निरस्त कर दिए गए हैं। साथ ही तीन वाहन मालिकों के खिलाफ सदर थाना में मामला दर्ज कराया गया है।
मामला उन ट्रैक्टर-ट्रॉली आधारित टैंकरों से जुड़ा है, जिनका रजिस्ट्रेशन मार्च माह में चित्तौड़गढ़ RTO कार्यालय में किया गया था। शिकायत मिलने पर अजमेर स्थित जिला परिवहन कार्यालय (DTO) स्तर पर जांच कराई गई। जांच में पाया गया कि दस्तावेजों में वाहनों की बॉडी पूर्ण दर्शाई गई थी, जबकि वास्तविकता में निर्माण कार्य अधूरा था।
जिला परिवहन अधिकारी नवीन नीरज शाह ने बताया कि वाहन पंजीयन से पहले फिजिकल निरीक्षण और दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया पूरी की जाती है। हालांकि शिकायत के बाद हुई जांच में कमियां सामने आने पर विभाग ने कार्रवाई की। सभी वाहन मालिकों को नोटिस जारी कर पक्ष सुना गया, लेकिन जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर RC निरस्त कर दी गई।
पुलिस और परिवहन विभाग कर रहे संयुक्त जांच
कार्रवाई के तहत सलीम बैग, अशोक कुमार चोरडिया और श्रीकिशन चौधरी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। उल्लेखनीय है कि इस प्रकरण में तत्कालीन परिवहन निरीक्षक किशन तेली को पहले ही निलंबित किया जा चुका है। अब पुलिस और परिवहन विभाग संयुक्त रूप से पूरे मामले की जांच कर रहे हैं, जिससे RTO कार्यालय की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो गए हैं।