रणकपुर से जाखम बांध तक प्रकृति की सैर, ₹1750 से ₹2750 तक पैकेज; सफारी, गाइड, भोजन और प्राकृतिक स्थलों का मिलेगा अनुभव
उदयपुर, 5 जुलाई: राजस्थान सरकार ने वन पर्यटन को नई पहचान देने के उद्देश्य से विभिन्न वन्यजीव अभयारण्यों और प्राकृतिक स्थलों के लिए विशेष ईको-टूरिज्म पैकेज शुरू किए हैं। इन पैकेजों के माध्यम से पर्यटक अब जंगल सफारी, झरनों, वन्यजीवों और प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद एक ही यात्रा में ले सकेंगे। खास बात यह है कि अधिकांश पैकेजों में परिवहन, गाइड, भोजन और वन विभाग की सुविधाएं भी शामिल की गई हैं।
सबसे प्रीमियम पैकेज रणकपुर एवं कुंभलगढ़ सेंचुरी का रखा गया है। 2750 रुपये के इस पैकेज में ओपन जीप सफारी के साथ रात्रि भोजन भी शामिल रहेगा। वहीं गोरमघाट भ्रमण के लिए 2250 रुपये का पैकेज तय किया गया है, जिसमें नाश्ता, दोपहर का भोजन, चाय-बिस्किट और रात्रि भोजन उपलब्ध कराया जाएगा।
वन विभाग ने दो-दो पर्यटन स्थलों को जोड़कर भी विशेष रूट तैयार किए हैं। सीतामाता सेंचुरी–जाखम बांध तथा बस्सी सेंचुरी–मेनाल वाटरफॉल के संयुक्त पैकेज का शुल्क 2250 रुपये प्रति व्यक्ति रखा गया है। इन यात्राओं में प्राकृतिक स्थलों के साथ रात्रि भोजन की सुविधा भी मिलेगी।
प्रकृति प्रेमियों के लिए भीलबेरी वाटरफॉल और फूलवाड़ी की नाल के अलग-अलग पैकेज 2000 रुपये में उपलब्ध होंगे। इनमें वाहन, प्रशिक्षित गाइड, फॉरेस्ट फीस, नाश्ता, दोपहर का भोजन और शाम की चाय शामिल रहेगी।
सबसे किफायती पैकेज जयसमंद वाइल्डलाइफ सेंचुरी का है, जिसके लिए 1750 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। इसमें वाहन, गाइड, फॉरेस्ट फीस, नाश्ता, दोपहर का भोजन और चाय की सुविधा मिलेगी।