जहां धर्मांतरण होता है वहां अलगाव पैदा होता है: बाबूलाल खराड़ी
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जनजाति प्रतिभा सम्मान समारोह में बोले वक्ता- समाज की अस्मिता और संस्कृति बचाना जरूरी
उदयपुर, 17 मई: श्री मेवाड़ वागड़ मालवा जनजाति समाज संस्थान की ओर से 12वां अंचल स्तरीय जनजाति प्रतिभा सम्मान एवं सर्व समाज शिक्षक गौरव समारोह रविवार को सुखाड़िया रंगमंच पर आयोजित किया गया। समारोह में शिक्षा, खेल, समाजसेवा और विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट उपलब्धियां हासिल करने वाली 600 से अधिक प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में उदयपुर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़, राजसमंद, भीलवाड़ा, सिरोही, सलूम्बर, चित्तौड़गढ़ और पाली सहित कई जिलों की प्रतिभाएं शामिल हुईं।
धर्मांतरण और अस्मिता पर जताई चिंता
समारोह के मुख्य अतिथि एवं कैबिनेट मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने कहा कि जहां धर्मांतरण होता है वहां समाज में अलगाव पैदा होता है, जो देश और समाज दोनों के लिए घातक है। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज सदैव मातृभूमि और सनातन संस्कृति के लिए समर्पित रहा है। संस्थान के केंद्रीय संयोजक डॉ. मन्नालाल रावत ने कहा कि आदिवासी समाज के सामने धर्मांतरण और अस्मिता पर चोट सबसे बड़ा खतरा है। उन्होंने समाज के शिक्षित वर्ग से एकजुट होकर जागरूकता बढ़ाने का आह्वान किया।
राजनीति से ऊपर उठकर समाज के लिए काम करने की अपील
विशिष्ट अतिथि रघुवीर सिंह मीणा ने कहा कि समाज के विकास के लिए राजनीतिक सोच से ऊपर उठकर कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि संगठन सामाजिक उद्देश्य से बनाया गया है और समाज के लोगों को इसमें सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए।
विभिन्न क्षेत्रों की प्रतिभाओं का सम्मान
समारोह में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लेक्रोस खेल में पदक जीतने वाली भारतीय टीम की कप्तान सुनीता मीणा को “श्री मानगढ़ धाम गौरव पुरस्कार” से सम्मानित किया गया। इसके अलावा शिक्षा, प्रशासनिक सेवाओं, खेल और समाजसेवा में उत्कृष्ट कार्य करने वाली प्रतिभाओं को विभिन्न पुरस्कार प्रदान किए गए। कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, कैरियर काउंसलिंग और “उड़ान-एक प्रेरणा” स्मारिका का विमोचन भी किया गया। समारोह में समारोह में टी सी डामोर पूर्व आईजी एवं पूर्व उपकुलपति जनजाति विश्वविद्यालय, विधायक सलूम्बर शांता मीणा, राकेश हीरत पूर्व निदेशक ख़ान विभाग, प्रो. बालूदान बारहठ, संस्थान उपाध्यक्ष सीबी मीणा, महासचिव डॉ. शंकर बामनिया, निरंजन दरंगा कोषाध्यक्ष सहित 1200 से ज़्यादा प्रतिभागियों ने कार्यक्रम में भाग लिया।
